२०१६ को JNU में किये गए विरोध के दौरान गिरफ्तारी के वीडियो को वर्तमान का बताकर फैलाया जा रहा है |

False National Political
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Picture Courtesy : MoneycontrolPost

२२ अगस्त २०१९ को फेसबुक पर ‘BAGH AJK’ नामक एक फेसबुक पेज पर एक वीडियो साझा किया गया है, जिसमे एक युवती को पुलिस गिरफ़्तार करते हुए दिखाई दे रही है | इस पोस्ट के विवरण में लिखा है कि, Dehli Police arrested Kashmiri leader and Former JNU president Shehla Rashid. Shehla Rashid, and gen. sect. Jammu Kashmir People’s Movement arrested for speaking up against repression and brutal practices of BJP government in Kashmir. 

हिंदी में अनुवाद : “दिल्ली पुलिस ने कश्मीरी नेता और पूर्व जेएनयू अध्यक्ष शेहला राशिद को गिरफ्तार किया | महासचिव जम्मू कश्मीर पिपल्स मूवमेंट की शेहला रशीद को कश्मीर में भाजपा सरकार के दमन और क्रूरता के खिलाफ बोलने के लिए गिरफ्तार किया गया |”

इस पोस्ट के माध्यम से यह दावा किया जा रहा है कि, ‘यह वीडियो वर्तमान में बीजेपी के खिलाफ बोलने के लिए गिरफ़्तार होती शेहला रशीद का है |’ क्या सच में ऐसा है ? आइये जानते है इस पोस्ट के दावे की सच्चाई |

सोशल मीडिया पर प्रचलित कथन:

FacebookPost | ArchivedLink

अनुसंधान से पता चलता है कि…

Shehla Rashid Shora : शेहला रशीद शोरा एक विद्यार्थी नेता तथा देश में चर्चित महिला हैं, जो वर्तमान में जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में पीएच.डी. कर रही है |

उपरोक्त वीडियो में जब पुलिस शेहला को गिरफ़्तार करके ले जा रही है, तब शेहला एक पुलिस अधिकारी को बोलती है, “साब, नजीब को ढूंढ के लाइए | आप नजीब को ढूंढ के लाइए |” साथ ही पुलिस अधिकारी शेहला से कहता है की, “शेहला, शेहला मान जाओ |” 

इस पर जब हमने गूगल पर ‘नजीब’ कीवर्ड्स से ढूंढा, तो हमें २०१६-२०१८ के दौरान ‘नजीब अहमद’ नामक एक JNU के छात्र का १५ अक्टूबर २०१६ से लापता होने की ख़बरें मिली | नजीब के लापता होने के बाद दिल्ली में कई विरोध प्रदर्शन हुए थे, क्योंकि पुलिस नजीब का कोई भी अता-पता ढूंढ नहीं पा रही थी | 

फिर हमने इस बात पर YouTube पर ‘shehla rashid arrested by Delhi Police’ की-वर्ड्स से ढूंढा, तो हमें २१ अक्टूबर २०१६ को IndianExpressOnline द्वारा अपलोड किया गया एक वीडियो मिला | यह वीडियो उपरोक्त पोस्ट मे साझा वीडियो से हुबहू मिलता है और इस वीडियो के शीर्षक में लिखा है – ‘JNU Students Protesting Outside Home Ministry, Detained By Police’

हिंदी में अनुवाद :JNU के छात्र गृह मंत्रालय के सामने विरोध करते हुए पुलिस द्वारा गिरफ़्तार हुए |’ २१ अक्टूबर २०१६ को नजीब अहमद के लापता होने पर विरोध करने के लिए दिल्ली पुलिस ने लगभग १०० से अधिक JNU के छात्रों को गिरफ़्तार किया | उसी दौरान यह वीडियो शूट किया गया था | शेहला रशीद दिल्ली के जंतर-मंतर में जब नजीब अहमद के लिए विरोध कर रही थी, जब उन्हें दिल्ली पुलिस ने गिरफ़्तार किया |

इसके अलावा हमें इस विरोध पर कई ख़बरें भी मिली | इन ख़बरों को पूरा पढने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें |

NDTV | ArchivedLinkDailypioneerPost | ArchivedLinkNewsnationPost | ArchivedLink

इसके बाद जब हमने गूगल पर ‘shehla rashid news’ की-वर्ड्स से ख़बरें ढूंढी, तो हमें शेहला रशीद से सम्बंधित वर्तमान की ख़बरें मिली | इन ख़बरों के अनुसार हालही में शेहला द्वारा कश्मीर के वर्तमान स्थिति पर किये गए ट्वीट के ऊपर सुप्रीम कोर्ट के वकील अलख आलोक श्रीवास्तव ने एक आपराधिक शिकायत दर्ज की है, मगर उनकी गिरफ्तारी से सम्बंधित वर्तमान में कोई ऐसी ख़बर नहीं है | प्राप्त ख़बरों को पूरा पढने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें | शेहला के आधिकारिक ट्विटर अकाउंट से भी लगातार ट्वीटस हो रहें है |

TOIPost | ArchivedLinkDNAindiaPost | ArchivedLinkIndiatodayPost | ArchivedLink

इस अनुसंधान से यह बात स्पष्ट होती है कि पोस्ट में साझा वीडियो २१ अक्टूबर २०१६ की है जब नजीब अहमद के लापता होने की वजह से होने वाले विरोध में शेहला रशीद को जंतर-मंतर से दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया था और इस घटना का किसी भी राजनितिक दल के साथ कोई संबंध नहीं था | यह वीडियो गलत विवरण के साथ लोगों को भ्रमित करने के उद्देश्य से फैलाया जा रहा है | 

जांच का परिणाम :  उपरोक्त पोस्ट मे किया गया दावा ‘यह वीडियो वर्तमान में बीजेपी के खिलाफ बोलने के लिए गिरफ़्तार होती शेहला रशीद का है |’ ग़लत है |

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Title:२०१६ को JNU में किये गए विरोध के दौरान गिरफ्तारी के वीडियो को वर्तमान का बताकर फैलाया जा रहा है |

Fact Check By: Natasha Vivian 

Result: False


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