क्या इस आइसक्रीम विक्रेता को ‘जय श्री राम’ का नारा नहीं लगाने के कारण पीटा गया?

False National Political
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२ जुलाई २०१९ को Politics Behind The Scene नामक एक फेसबुक यूजर ने एक तस्वीर पोस्ट की | तस्वीर के शीर्षक में लिखा गया है कि “गंगा घाट कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत कोतवाली के सामने आइसक्रीम बेचने वाले राकेश को #जयश्रीराम ना कहने पर मुसलमान समझकर भगवागुंडों ने मारा पीटा | लगेगी आग तो आएंगे घर कई ज़द में | यहां सिर्फ हमारा मकान थोड़ी है | जनर्धन मिश्रा |”

इस दावें के साथ एक तस्वीर भी साझा की गई है | पोस्ट में हम एक घायल आइसक्रीम विक्रेता को खून से लथपथ देख सकते है | पोस्ट में दावा किया गया है कि इस आदमी का नाम राकेश है और उसे कथित “हिंदू आतंकवादियों” की मांग को नहीं मानने का खामियाजा भुगतना पड़ा है | कहा जा रहा है कि उसे ‘जय श्री राम’ कहने को मजबूर किया गया था | साथ ही दावा किया जा रहा है कि यह घटना गंगाघाट की है | इस तस्वीर को सोशल मीडिया पर काफ़ी तेजी से साझा किया जा रहा है | फैक्ट चेक किये जाने तक यह तस्वीर १५१ प्रतिक्रियाएं प्राप्त कर चुकी थी | 

फेसबुक पोस्ट | आर्काइव लिंक 

क्या वास्तव में इस आइसक्रीम विक्रेता को मुसलमान समझकर भगवागुंडों ने मारा पीटा और ‘जय श्री राम’ बोलने पर मजबूर किया? हमने इस तस्वीर की सच्चाई जानने की कोशिश की |

संशोधन से पता चलता है कि..

जांच की शरूआत हमने इस तस्वीर का स्क्रीनशॉट लेकर गूगल रिवर्स इमेज सर्च करने से की जिससे हमें हमें कोई भी परिणाम नही मिला | इसके पश्चात हमने तस्वीर में दिखाई दे रही आइसक्रीम की गाड़ी पर अपना ध्यान केन्द्रित किया |उस गाड़ी के ऊपर हमें एक फ़ोन नंबर नज़र आया | 

हमने इस नंबर पर कॉल किया, जिसके बाद मिली जानकारी के आधार पर हम पीड़ित द्वारा बेचे जाने वाले स्थानीय आइसक्रीम ब्रांड किंग्स आइसक्रीम के प्रोपराइटर तक पहुंचे | किंग्स आइस-क्रीम के मालिक धीरेन यादव ने हमसे बात करते हुए कहा, “यह तस्वीर १० दिन पहले हुए घटना की है | यह पिछले एक सप्ताह से स्थानीय यूपी के व्हाट्सएप ग्रुपों में वायरल हो रही है | सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा दावा पूर्ण रूप से गलत है | उन्हें ‘जय श्री राम’ का नारा लगाने के लिए नहीं कहा गया था | यह मामला असल में आइसक्रीम विक्रेता और स्थानीय गुंडों के साथ विवाद का था, जिसके परिणामस्वरूप लड़ाई हुई | जिस आदमी से साथ लड़ाई हुई थी वह एक बर्फ बेचने वाला है | इस आइसक्रीम विक्रेता का नाम हरिशंकर वर्मा है और वह शुक्लागंज, उन्नाव का निवासी है | यह आइसक्रीम विक्रेता और गुंडे एक-दूसरे को जानते थे और बाद में मामला उनके बीच में ही सुलझ गया था |”

इसके पश्चात हमने हरिशंकर वर्मा के बेटे अवधेश वर्मा से भी बात की, जिन्होंने घटना की पुष्टि की और किसी भी सांप्रदायिक एंगल को इस घटना से जुड़े होने की बात को खारिज किया | उन्होंने कहा कि “फेसबुक पर वायरल हो रहे दावें सरासर गलत है | मेरे पिता अपने दैनिक काम से लौट रहे थे, जब कुछ स्थानीय गुंडों ने उनपर हमला किया और उनके साथ मारपीट की | साथ ही उन्होंने मेरे पिताजी से नकद और मोबाइल भी छीन लिया | वह गुंडे दारु के नशे में थे | मैं इस घटना को व्हाट्सएप के माध्यम से साझा करना चाहता था और लोगों को गंगाघाट में प्रचलित अराजकता से अवगत कराना चाहता था | हालांकि, किसी ने तस्वीर को लेकर घटना को पूरी तरह से बदल दिया | मैं स्पष्ट करना चाहूंगा कि मैंने कभी नहीं कहा कि मेरे पिता को ‘जय श्री राम” का नारा लगाने के लिए कहा गया था और उसी वजह से उन्हें पीटा गया |” 

उन्होंने हमें घटना की कुछ और तस्‍वीरें और पुलिस में की गई शिकायत की एक प्रति भेजी | घटना २५  जून २०१९ की है | शिकायत पत्र के मुताबिक, हरिशंकर जब अपने घर जा रहे थे तो रास्‍ते में थाने के सामने दीपक नामक व्यक्ति ने रोक लिया | उसने हमला किया और ८००० रूपए और मोबाइल फोन छीन लिया | बाद में समझौता कर लिया गया |

साथ ही उन्होंने हमें हरिशंकर जी के घायल होते वक्त की कुछ तस्वीरें भेजी, जो आप नीचे देख सकते है |

इसके बाद हमने गंगाघाट थाने में संपर्क किया | वहां हमारी बात थाने की पीआरओ से हुई | उन्‍होंने बताया कि आपस में मारपीट का एक मामला जरूर हुआ था, लेकिन बाद में दोनों पक्षों ने समझौता कर लिया | साथ ही वायरल हो रहे दावें भी गलत है क्योंकि यह मारपीट कुछ गुंडे और एक आइसक्रीम वालें के बीच हुई थी | 

इसके पश्चात हमने गूगल पर इस कहानी से जुडी खबर ढूँढने की कोशिश की | गूगल पर हमें एक लिंक मिला, यह लिंक circle.page नामक एक वेबसाइट का था | खबर २६ जून २०१९ को अपलोड की गई थी और इस खबर के साथ वायरल तस्वीर भी दी गई है | खबर के शीर्षक में लिखा गया है कि “आइसक्रीम दुकानदारों को नशेबाजों ने पीटा, घायल |” 

circle.page | आर्काइव लिंक 

निष्कर्ष: तथ्यों के जांच के पश्चात हमने उपरोक्त पपोस्ट को गलत पाया है | इस घटना के साथ कोई सांप्रदायिक एंगल नहीं जुड़ा हुआ है | यह आइसक्रीम विक्रेता स्थानीय गुंडे के साथ विवाद में घायल हुआ था |

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Title:क्या इस आइसक्रीम विक्रेता को ‘जय श्री राम’ का नारा नहीं लगाने के कारण पीटा गया?

Fact Check By: Aavya Ray 

Result: False


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