२०१८ की एक ट्रम्प विरोधी रैली को अमेरिकी लोगों द्वारा अरबों को गुलाम बनाने के जश्न का बता फैलाया जा रहा है |

False International
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

सोशल मीडिया पर एक रैली के वीडियो को साझा किया जा रहा है जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का मुखौटा व कपड़े पहने एक आदमी को अरब वेशधारी पुरुषों के गले में पट्टे बांधकर आगे खीचते हुए दिखाया गया है | इस वीडियो को सोशल मीडिया पर फैलाते हुए दावा किया जा रहा है कि अमेरिका के लोगों द्वारा अरबी लोगों को गुलाम बनाकर इस तरह प्रदर्शन किया जा रहा है |

पोस्ट के शीर्षक में लिखा गया है कि “अमेरिका में अरबों को गुलाम बनाए जाने पर जश्न मनाया जा रहा है |”

फेसबुक पोस्ट | आर्काइव लिंक 

अनुसंधान से पता चलता है कि…

जाँच की शुरुवात हमने इस वीडियो को इन्विड टूल के मदद से यांडेक्स रिवर्स इमेज सर्च करने से की, जिसके परिणाम से हमें यूट्यूब पर यह वीडियो ८ सितंबर २०१९ को अपलोड किया किया गया मिला | इस वीडियो के शीर्षक में लिखा गया है कि “अरबी लोगों को ट्रम्प द्वारा ट्रोल किया जा रहा है |”

इस वीडियो से संबंधित कीवर्ड सर्च करने पर हमें २०१८ को मिडिल ईस्ट ऑय नामक एक न्यूज़ वेबसाइट मिली, रिपोर्ट में एक हाई रेसोलुशन तस्वीर शामिल है जो सादृश्य है जहां ट्रम्प का मुखौटा व कपड़े पहने एक आदमी अरबी वस्त्र धारी दो पुरुषों को खीचकर लेकर जाते हुए दिख रहा है | रिपोर्ट के अनुसार, तस्वीर दो साल पहले २०१८ की लंदन में हुई ट्रम्प विरोधी रैली से है | लंदन में एक इराकी छात्र-कार्यकर्ता खालिद बस्सुम शक्तिशाली सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के रूप में तैयार हो विरोध प्रदर्शन में आए थे | उन्होंने एक नाट्य अभिनय के रूप में ट्रम्प की वेशभूषा पहने एक अन्य आदमी को नकली डॉलर सौंपते हुए ट्रम्प पर यमन और पूरे मध्य पूर्व में निर्दोष नागरिकों की हत्या करने का आरोप लगाया |

आर्काइव लिंक 

निष्कर्ष: तथ्यों की जाँच के पश्चात हमने उपरोक्त पोस्ट को गलत पाया है | सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो २०१८  लंदन में आयोजित एक ट्रम्प-विरोधी रैली का है जो अमेरिकी राष्ट्रपति की लंदन यात्रा से पूर्व किया गया था, सोशल मंचो पर इस दावे को अमेरिकी लोगों का बता भ्रामक दावे के साथ फैलाया जा रहा है|

Avatar

Title:२०१८ की एक ट्रम्प विरोधी रैली को अमेरिकी लोगों द्वारा अरबों को गुलाम बनाने के जश्न का बता फैलाया जा रहा है |

Fact Check By: Aavya Ray 

Result: False


  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply