आरक्षण के कारण छात्रा की आत्महत्या का दावा झूठा, वायरल तस्वीर तेलुगु गाने की शूटिंग की है।

देश में आरक्षण के मुद्दे से जोड़ते हुए एक पोस्ट वायरल किया जा रहा है। इसमें एक तस्वीर दिखाई दे रही है,जिसमें एक लड़की हरे रंग के कपड़े पहने कुर्सी पर अचेत अवस्था में बैठी है और एक महिला के साथ रोते-बिलखते परिजन उस लड़की को नहाते हुए दिख रहे हैं। इस तस्वीर को साझा करने वाले यूज़र का दावा है कि इसमें दिख रही लड़की एक स्वर्ण जाति की है जो जातिवादी आरक्षण के चलते मौत के हत्थे चढ़ गई।तस्वीर को इस कैप्शन के साथ साझा किया जा रहा है…
#बाप #गरीब फिर भी #कर्जा लेकर #बेटी को #पढ़ाई करवाता रहा लेकिन बेटी 3 बार #असफल हो गई कारण #आरक्षण फिर लास्ट मे बेटी #भगवान के पास #मोदीजी आरक्षण ख़त्म करो जो अच्छा #पढ़ेगा मेहनत करेगा वही आगे जाएगा #सिस्टम ऐसा लाओ ये केसा #न्याय 35 नम्बर वाला पास और #मिडिल_क्लास का आदमी 50 नम्बर लाने के बाद भी फेल

अनुसंधान से पता चलता है कि…
हमने जांच की शुरुआत में वायरल तस्वीर को रिवर्स इमेज सर्च किया। परिणाम में हमें तेलुगु फिल्म इंडस्ट्री में काम करने वाले कलाकार Mohan Marripelli के फेसबुक पेज पर वायरल इसी तस्वीर से जुड़ी एक वीडियो मिली। वीडियो के साथ लिखे कैप्शन से यह पता चला कि यह एक गाने की शूटिंग है जिसका नाम ‘Idisi etta Vellave’ है। मोहन की फेसबुक बायो के मुताबिक वे एक फिल्म लेखक, एक्टर और डायरेक्टर हैं।
और खंगालने पर हमने देखा कि मोहन ने अपने फेसबुक पर इस गाने के अलग-अलग एंगल से की गई शूटिंग के वीडियो को शेयर किया है।

और सर्च करने पर हमने पाया कि इस गाने का प्रोमो भी यूट्यूब चैनल Warangal Siddu पर अपलोड किया गया है, जिसमें वायरल तस्वीर वाले हिस्से को देखा जा सकता है।
साथ ही पूरे गाने को भी इसी यूट्यूब अकाउंट पर शेयर किया हुआ देखा जा सकता है।
निष्कर्ष
तथ्यों के जांच से यह पता चलता है कि वायरल हो रही तस्वीर के साथ किया जा रहा दावा गलत है। असल में यह तस्वीर आरक्षण की वजह से किसी सवर्ण छात्रा की मौत का नहीं है, बल्कि यह एक तेलुगु गाने IDISI YETTA VELLAVE की शूटिंग की तस्वीर है।


