गलगोटिया यूनिवर्सिटी के नाम पर वायरल हुआ महिला का 7 साल पुराना वीडियो, असल में महिला राजनेता का है…

False Social

गलगोटिया विवाद के बीच वायरल हुआ यह वीडियो यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर का नहीं, बल्कि एक महिला राजनेता का है।

अभी हाल ही में दिल्ली स्थित भारत मंडपम में एआई इम्पैक्ट समिट का आयोजन हुआ था,जिसमें हिस्सा लेने वाली गलगोटिया यूनिवर्सिटी विवादों में आ गई। यह विवाद इसलिए हुआ क्यूंकि यूनिवर्सिटी की तरफ से प्रदर्शित किए गए एक ‘रोबो-डॉग’ को लेकर यह आरोप लगे कि उन्होंने एक विदेशी (चीनी) तकनीक से बने रोबोट को स्वदेशी रिसर्च और अपनी खोज का नाम देकर इसे पेश किया था। इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल होने लगा,जिसमें एक महिला को कैमरे के सामने गाली देते हुए दिखाया गया है। वीडियो को साझा करने वाले यूज़र्स द्वारा यह दावा किये जाने लगा कि यह महिला कोई और नहीं बल्कि गलगोटिया यूनिवर्सिटी की महिला प्रोफेसर है। यूज़र ने यह वीडियो इस कैप्शन से शेयर किया है…

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फेसबुक पोस्टआर्काइव पोस्ट 

अनुसंधान से पता चलता है कि…

हमने जांच की शुरुआत में वायरल वीडियो के कीफ्रेम को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। परिणाम में हमें मोलिटिक्स नाम के यूट्यूब चैनल पर वायरल वीडियो से मिलता हुआ एक वीडियो मिला,जिसे 12 जून 2018 को अपलोड किया गया है। इसमें वायरल क्लिप को 1 सकेंड से 6 सकेंड तक के बीच में देख सकते है। कैप्शन के अनुसार, महिला का नाम सुभरस्थ है जो बीजेपी की रणनीतिकार है उन्हें कैमरे पर गाली देते हुए पकड़ा गया। 

फिर हमें यूट्यूबर ध्रुव राठी के फेसबुक पेज पर इसी वीडियो से सम्बंधित एक पोस्ट मिली जो 2018 का था। इसमें वायरल वीडियो से तस्वीर को लेकर साझा करते हुए यह लिखा गया था,”शुभ्रस्था नाम की यह महिला दूसरों को गाली-गलौज पर लेक्चर देने की आदत रखती है… फेसबुक लाइव के दौरान आज वह खुद गंदी गालियां देते हुए पकड़ी गई।” इस पोस्ट में महिला का नाम शुभ्रस्था बताया गया है, जो उस समय एक राजनीतिक रणनीतिकार के रूप में जानी जाती थी।

आगे खोज करने पर हमें इंडियन स्पेक्टेटर यूट्यूब चैनल पर वायरल वीडियो देखने को मिला,जिसे 9 जून 2018 को प्रकाशित किया गया है। बताया गया है कि वायरल वीडियो में नजर आ रही महिला भाजपा और आरएसएस की प्रमुख समर्थक शुभ्रस्था फेसबुक लाइव वीडियो पर एक कॉलर को अपशब्द कहते हुए पकड़ी गईं। वह फेसबुक का लाइव वीडियो बंद करना भूल गईं और कैमरे पर ही कॉलर को अपशब्द कहने लगीं।

वहीं वीडियो के साथ नीचे लिखे विवरण के अनुसार, शुभ्रास्था, एक राजनीतिक विश्लेषक और मीडियाकर्मी हैं, जिन्हें अक्सर रिपब्लिक टीवी और इसी तरह के प्राइमटाइम पर भाजपा और आरएसएस के दृष्टिकोण को रखते और सत्ता में सरकार का बचाव करते देखा जाता है। हाल ही में एक विवाद में फंस गई थीं, जहां वह फेसबुक का लाइव वीडियो बंद करना पूरी तरह से भूल गई थीं और उस लाइव वीडियो के सभी दर्शकों के लिए अनुचित और अपमानजनक ऑफ कैमरा प्रतिक्रियाएं प्रसारित की गईं।

क्या है गलगोटिया विवाद?

नई दिल्ली में आयोजित हुए इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान गलगोटिया यूनिवर्सिटी पर आरोप लगा कि उन्होंने चीन निर्मित एक रोबो डॉग को अपना बताकर समिट में पेश किया था। सोशल मीडिया पर इस समिट की तस्वीरों और वीडियो के वायरल होने के बाद, विशेषज्ञों ने दावा किया कि यह मॉडल अंतरराष्ट्रीय बाजार में पहले से ही उपलब्ध है। इससे विश्वविद्यालय की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े होने लगे थें। हालांकि बाद में गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने बयान जारी कर माफ़ी मांगी। यूनिवर्सिटी ने कहा कि यह ग़लतफ़हमी की वजह से हुआ था। उनकी तरफ से सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर अपने बयान में गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने लिखा, “हमारे स्टॉल पर मौजूद हमारी एक प्रतिनिधि को तकनीकी जानकारी सही तरीक़े से नहीं मिली थी। कैमरे पर आने के उत्साह में उन्होंने उत्पाद से जुड़ी कुछ ग़लत जानकारी दे दी, जबकि उन्हें मीडिया से बात करने की अनुमति भी नहीं थी।”

निष्कर्ष 

तथ्यों के जांच से यह पता चलता है कि वीडियो में अपशब्द बोलती महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नहीं है। यह वीडियो असल में 7 साल पुराना है और इसमें दिख रही महिला एक राजनीतिक रणनीतिकार शुभ्रस्था है।

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Title:गलगोटिया यूनिवर्सिटी के नाम पर वायरल हुआ महिला का 7 साल पुराना वीडियो, असल में महिला राजनेता का है…

Fact Check By: Priyanka Sinha 

Result: False

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