हैदराबाद के रेन बाज़ार में हुई हत्या को सांप्रदायिक रंग देकर वायरल किया जा रहा है |

False Social
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

सोशल मीडिया पर एक वीडियो जिसमे एक गंभीर रूप से घायल व्यक्ति फर्श पर पड़ा हुआ दिख रहा है, को  सांप्रदायिक दावे के साथ साझा किया जा रहा है कि धर्मनिरपेक्षता के नाम पर एक हिंदू युवक की मुसलमानों द्वारा दिन में हत्या कर दी गई है| पोस्ट के अनुसार ऐसी घटना देश में अलग अलग राज्यों में रोज होती रहती है | इस गंभीर रूप से घायल व्यक्ति के वीडियो को साझा करते हुए दावा किया जा रहा है कि आंध्र प्रदेश में मुस्लिम युवक ने हिंदू युवक की दिनदहाड़े चाकू से गोदकर हत्या की है | 

पोस्ट के शीर्षक में लिखा गया है कि “आंध्र प्रदेश में मुस्लिम युवकों ने हिन्दू- मुस्लिम भाईचारे की मिसाल कायम करते हुए एक हिन्दू युवक को दिनदहाड़े चाकू से गोद कर मार डाला. ये कोई पहली घटना नही है ,ऐसी घटना आये दिन रोज़ इस भारत देश मे हिन्दुओ के साथ होती रहती है, वामपंथी और सेक्युलर सरकार मुस्लिम वोट बैंकिंग के चककर में हिन्दुओ को अपनी मौत का भी न्याय नही मिल पाता.”

फेसबुक पोस्ट | आर्काइव लिंक 

आर्काइव लिंक

अनुसंधान से पता चलता है कि…

जाँच की शुरुवात हमने इस वीडियो को इविड टूल के मदद से गूगल रिवर्स इमेज सर्च करने से की, जिसके परिणाम से हमें यूट्यूब पर इसी घटना का एक दुसरे एंगल वाला वीडियो मिला | इस वीडियो के साथ दिए गये विवरण के अनुसार, घटना हैदराबाद (तेलंगाना) में हुई है | लड़के की पहचान इमरान खान के रूप में हुई है जिसकी याकुतपुरा ज़फर रोड पर हत्या कर दी गई थी |

इसके आलावा हमें फेसबुक पर ‘A18 Telangana News’ नामक एक पेज पर ५ जून २०२० को अपलोड किया गया वीडियो मिला, जिसमें वायरल हो रहे वीडियो में घायल युवक और घटनास्थल की तस्वीरों को देखा जा सकता है | वीडियो में दी गई जानकारी के मुताबिक, हैदराबाद के याकूतपुरा में २२ वर्षीय इमरान खान की हत्या उसके सौतेले भाइयों ने कर दी थी | रेन बाजार पुलिस स्टेशन के अंतर्गत आने वाले याकूतपुरा जफर रोड पर दिनदहाड़े हत्या हुई | मृतक इमरान को उसके सौतेले भाइयों ने चाकू से गोद कर मार डाला था |

उपरोक्त जानकारी से संबंधित कीवर्ड को गूगल पर ढूँढने पर हमें ९ जून २०२० को ‘तेलंगाना टुडे’ द्वारा प्रकाशित रिपोर्ट मिली, जिसके मुताबिक हैदराबाद पुलिस ने इस मामले के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था, जिनका नाम मोहम्मद महताब खान, मोहम्मद तालेब खान, मोहम्मद अरबाज खान और मोहम्मद आमिर है | हालाकि आरोपी मोहम्मद गौस खान को गिरफ्तार नहीं किया जा सका है |

आर्काइव लिंक

फैक्ट क्रेसेंडो ने रेन बाज़ार के एस.एच.ओ पी. अन्जनेयुलू से संपर्क किया जिन्होंने हमें बताया कि “इस घटना का कोई सांप्रदायिक जोड़ नहीं था मृत युवक और उसे मारने वाले दोनों एक ही समुदाय के थे, यानी मुस्लिम समुदाय के थे | पीड़ित के पिता, एमडी गालिब खान, जो एक सरकारी कर्मचारी थे, ने दो बार शादी की थी और १० साल पहले उनकी मृत्यु हो गई थी | पीड़ित के परिवार का उसके पिता की दूसरी पत्नी के परिवार के साथ संपत्ति का लेकर विवाद था | हालाँकि जाँच अभी भी जारी है, हमारे मुताबिक ये हत्या की मुख्य वजह हो सकती है | इस घटना का किसी भी रूप से संप्रदायिकता से कोई संबंध नही है | यह मामला परिवार के बीच आपसी झगड़ों और विवाद से संबंधित है |”

निष्कर्ष: तथ्यों की जाँच के पश्चात हमने उपरोक्त को गलत पाया है | सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट का संप्रदायिकता से कोई संबंध नही है | यह घटना परिवार के बीच आपसी झगड़ों और विवाद से संबंधित है जिसके चलते परिवार वालों ने इस युवक की निर्मम हत्या कर दी थी |

Avatar

Title:हैदराबाद के रेन बाज़ार में हुई हत्या को सांप्रदायिक रंग देकर वायरल किया जा रहा है |

Fact Check By: Aavya Ray 

Result: False


  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply